दैनिक भास्कर ने 6 लोगों को दिया 'उत्तराखंड विजनरी अवॉर्ड’:मंच से सम्मान प्राप्त करतीं उत्तरकाशी जिले की संगीता रावत और अन्य लोग।देहरादून में दैनिक भास्कर के ‘उत्तराखंड-विकास-विश्वास-विजन कॉन्क्लेव’ में आज ‘उत्तराखंड विजनरी अवॉर्ड’ उन लोगों को दिए गए जिन्होंने अपने-अपने क्षेत्र में काम करते हुए समाज, गांव और राज्य के विकास की नई मिसालें पेश की हैं। इन लोगों की कहानियां अलग-अलग. अवॉर्ड पाने वाले सभी लोग अपने काम के जरिए यह साबित कर रहे हैं कि उत्तराखंड के गांवों और युवाओं में अपार संभावनाएं हैं। इन लोगों ने शिक्षा, पर्यटन, आईटी, एडवेंचर टूरिज्म, उद्योग और स्टार्टअप इकोसिस्टम जैसे क्षेत्रों में काम करते हुए समाज में सकारात्मक बदलाव की मजबूत मिसालें पेश की हैं। कॉन्क्लेव में इन सभी के कार्यों का उल्लेख करते हुए उन्हें सम्मानित किया गया।अब विस्तार से सभी अवॉर्डियों के बारे में जानिए… 1. पृथ्वीराज सिंह राणापर्यटन से गांव और संस्कृति को नई पहचानपृथ्वीराज सिंह राणा उत्तरकाशी जिले के रैथल गांव के युवा पर्यटन उद्यमी, डिजिटल कंटेंट क्रिएटर और सामाजिक कार्यकर्ता हैं। उन्होंने रैथल में स्थित लगभग 500 वर्ष पुरानी पारंपरिक गढ़वाली विरासत संपत्ति ‘रैथल होमस्टे’ के माध्यम से पर्यटन का एक सफल मॉडल विकसित किया है।उनकी सोच ‘विकास भी, विरासत भी’ के सिद्धांत पर आधारित है। उन्होंने पर्यटन के माध्यम से स्थानीय युवाओं को रोजगार से जोड़ा और गांव की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने का प्रयास किया।पृथ्वीराज गढ़वाली संस्कृति, खानपान और परंपराओं को पुनर्जीवित करने में भी सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। उनका लक्ष्य रैथल गांव को “बेस्ट टूरिज्म विलेज” के मॉडल के रूप में विकसित करना है। इसके साथ ही वे स्थानीय उत्पादों की ब्रांडिंग कर उन्हें बाजार से जोड़ने की दिशा में भी काम कर रहे हैं।डिजिटल प्लेटफॉर्म पर वे उत्तराखंड की संस्कृति, मंदिरों और परंपराओं से जुड़े कंटेंट का निर्माण करते हैं। इससे हजारों युवा स्थानीय पर्यटन से जुड़ने और अपने गांव में अवसर तलाशने के लिए प्रेरित हो रहे हैं।सम्मान प्राप्त करने के बाद पृथवीराज सिंह राणा ने अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष से पैर छूकर आशीर्वाद लिया।3. संगीता रावतउत्तरकाशी जिले के सौंड़ गांव की रहने वाली कुमारी संगीता रावत एडवेंचर टूरिज्म के क्षेत्र में नई पहचान बना रही हैं। उन्होंने नेहरू पर्वतारोहण संस्थान से एडवांस माउंटेनियरिंग कोर्स किया है। इसके अलावा उन्होंने स्नो स्कीइंग, पैराग्लाइडिंग, हॉट एयर बैलूनिंग और पर्यटन से जुड़े कई प्रशिक्षण प्राप्त किए हैं।उन्होंने एफआरआई देहरादून से पैरा-टॉक्सोनॉमी प्रशिक्षण भी प्राप्त किया और 2023 में पर्यटन विभाग के माध्यम से टूरिज्म और नेचर गाइड प्रशिक्षण भी पूरा किया।संगीता एडवेंचर टूरिज्म के माध्यम से दर्जनों युवाओं को रोजगार से जोड़ चुकी हैं। वह उत्तराखंड में महिला सशक्तिकरण की एक मजबूत मिसाल बनकर सामने आई हैं और हजारों युवाओं के लिए प्रेरणा स्रोत हैं।कुमारी संगीता रावत को सम्मान मिलने के बाद उन्होंने बॉलीवुड एक्ट्रेस को धन्यवाद किया।5. ममता रावतपौड़ी गढ़वाल जिले के बैंगवारी गांव से आने वाली ममता रावत रक्षा और औद्योगिक क्षेत्र में अपनी मजबूत पहचान बना चुकी हैं। उनकी उद्यमशीलता की यात्रा जमीनी समझ, रणनीतिक सोच और तकनीकी नवाचार पर आधारित है।उन्होंने कई स्टार्टअप के माध्यम से रक्षा और औद्योगिक क्षेत्र में देश की आत्मनिर्भरता को मजबूत करने में योगदान दिया है। उनकी कंपनी को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिल चुकी है।ममता सामाजिक कार्यों में भी सक्रिय हैं। वह लड़कियों की शिक्षा, वंचित समुदायों की बेहतरी और उत्तराखंड की सांस्कृतिक विरासत को आगे बढ़ाने के लिए लगातार काम कर रही हैं।6.


Source:   Dainik Bhaskar
March 16, 2026 14:56 UTC