घंटी बजाने का अधिकार कैसे छीन लेंगे? इसमें सीधे भ्रष्टाचार की बू आती है। मंत्री सुरेश रावत ने फिर पुराना जवाब दोहराया तो कांग्रेस विधायक सुरेश मोदी ने कहा कि आप लिखित जवाब को ही रिपीट कर रहे हैं, आप तो बताइए मार्गदर्शन किसका चाहिए, गांधीजी का चाहिए क्या? इस दौरान मंत्री सुरेश रावत सीधा जवाब नहीं दे पाए तो स्पीकर ने उनसे कहा कि ये पूछ रहे हैं मार्गदर्शन किसका चाहिए? इस पर मंत्री ने कहा कि कलेक्टर से मार्गदर्शन मांगा है। उपनेता प्रतिपक्ष रामकेश मीणा ने कहा कि बार-बार आपसे पूछ रहे हैं कि आप मार्गदर्शन किससे चाह रहे हैं। अब कह रहे हैं कलेक्टर मार्गदर्शन करेंगे। मंत्री को कलेक्टर मार्गदर्शन देंगे, यह सरकार के लिए शर्म की बात है? 2023 में सरकार थी या नाथी का बाड़ा?