जागरण संवाददाता, प्रयागराज। रेलवे स्टेशनों और बस अड्डों पर अकेले घूमते बच्चों को सुरक्षित उनके घर पहुंचाने और उनकी उचित काउंसिलिंग के लिए प्रशासन ने एक बड़ी पहल की है। अब रेलवे स्टेशन के साथ बस अड्डे पर भी विशेष टीमें तैनात की जा रही हैं, जो चौबीस घंटे मुस्तैद रहकर बच्चों का हालचाल पूछेंगी और उनकी मदद के लिए आगे आएंगी।अक्सर देखा जाता है कि घर से भागकर आए, भूले-भटके या किसी वजह से बिछड़े हुए बच्चे रेलवे स्टेशन या बस अड्डे पर नजर आते हैं। ऐसे में उनकी मदद के लिए यह पहल की गई है। वर्तमान में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा प्रयागराज जंक्शन पर पहले से ही चाइल्ड लाइन की टीम सक्रियता से काम कर रही है, लेकिन अब इसी सफल माडल को मुंबई रूट प्रयागराज छिवकी और सिविल लाइंस बस अड्डे पर विशेष डेस्क स्थापित की जाएगी।यहां तैनात टीमें चौबीस घंटे अपनी सेवाएं देंगी। इस योजना को धरातल पर उतारने के लिए चयन प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। प्रत्येक डेस्क पर कुल छह लोगों की टीम होगी, जिसमें एक समय में न्यूनतम दो कर्मचारी आठ-आठ घंटे की शिफ्ट में अपनी ड्यूटी करेंगे।