डिजिटल डेस्क, पटना। बिहार में 5 मार्च को बड़ा सियासी बदलाव देखने को मिल सकता है। राज्य के मुख्यमंत्री और जनता दल यूनाइटेड के सर्वेसर्वा नीतीश कुमार ने राज्यसभा जाने का मन बना लिया है। सूत्रों ने दावा किया है कि वह गुरुवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की मौजूदगी में पटना में नामांकन दाखिल करेंगे।नीतीश कुमार के राज्यसभा में एंट्री लेने के बाद बिहार में अगला मुख्यमंत्री बीजेपी का होगा। अब यह कहना गलत नहीं होगा कि बिहार में नीतीश युग समाप्ति की ओर है और बीजेपी ही सरकार को पूरी तरह कंट्रोल करेगी। बिहार में अब नीतीश की नहीं, भाजपा की सरकार होगी।तो चलिए इस सियासी उलटफेर के बीच बिहार विधानसभा का नंबर गेम भी समझ लेते हैं। आखिर सीटों के लिहाज से कौन-कितना भारी है? बता दें कि बिहार में बीते साल नवंबर में ही विधानसभा के चुनाव हुए थे। तब नीतीश कुमार ने 10वीं बार बिहार के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी। एनडीए ने बिहार में महागठबंधन का लगभग सूपड़ा साफ कर दिया था।बिहार विधानसभा में कुल 243 सीटें हैं। बीजेपी विधानसभा में बड़े भाई की भूमिका में है। वहीं, जब बीजेपी का मुख्यमंत्री बनेगा तो सरकार में भी बीजेपी बड़े भाई के रूप में दिखाई देगी। बीजेपी के पास बिहार में 89 विधानसभा सीटें हैं। वहीं, जदयू दूसरे नंबर पर है। जदयू के पास 85 सीटें हैं।