डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने गाजियाबाद के रहने वाले हरीश राणा को इच्छामृत्यु (पैसिव यूथेनेशिया) की इजाजत दे दी है। हालांकि कोर्ट ने इसके साथ कुछ शर्तें भी तय की हैं। हरीश एक एक्सीडेंट के बाद तकरीबन तेरह साल से कोमा में थे। वह ट्रेकियोस्टॉमी ट्यूब से सांस ले रहे और पेट में लगे पीईजी ट्यूब से क्लिनिकली एडमिनिस्टर्ड न्यूट्रिशन (CAN) के जरिए पोषण मिल रहा था। क्या होता है पैसिव यूथेनेशिया? पैसिव यूथेनेशिया वह प्रक्रिया है जिसमें किसी टर्मिनली इल यानी अंतिम चरण की बीमारी वाले मरीज के जीवन को बनाए रखने वाले लाइफ सपोर्ट सिस्टम या ट्रीटमेंट को हटाया या रोका जाता है। इससे व्यक्ति की प्राकृतिक मौत हो जाती है।इसमें कोई सक्रिय कदम नहीं उठाया जाता, बल्कि जीवनसमर्थन प्रणाली (जैसे वेंटिलेटर, फीडिंग ट्यूब या दवाइयां) को बंद करके बीमारी को अपना कोर्स पूरा करने दिया जाता है। यह आमतौर पर तब किया जाता है जब मरीज की स्थिति में सुधार की कोई संभावना न हो और वह दर्द में हो। यह कई देशों में वैध है, क्योंकि इसे उपचार रोकने का अधिकार माना जाता है, जो मरीज की इच्छा या परिवार की सहमति पर आधारित होता है।भारतसंयुक्त राज्य अमेरिकानीदरलैंड्सबेल्जियमलक्जमबर्ग स्पेनब्रिटेन (UK)जर्मनीऑस्ट्रेलिया के कुछ राज्य,कनाडा नोट: लिस्ट में कई देश ऐसे भी हैं जो पैसिव और एक्टिव यूथेनेशिया दोनों का मानते हैं। ये सूची पूरी नहीं है, बल्कि दुनिया के अहम देशों का नाम बताया गया है।एक्टिव यूथेनेशिया क्या होता है? एक्टिव यूथेनेशिया वह प्रक्रिया है जिसमें डॉक्टर या स्वास्थ्यकर्मी मरीज के जीवन को समाप्त करने के लिए दवा या इंजेक्शन देते हैं, ताकि मरीज से मुक्त हो सके और गरिमामयी मौत का भागी बने। यह मरीज की स्पष्ट सहमति (voluntary) पर आधारित होता है और आमतौर पर टर्मिनली इल या असहनीय पीड़ा वाले मामलों में किया जाता है।यह दुनिया के अधिकांश देशों में अवैध है, क्योंकि इसे हत्या के समान माना जाता है। हालांकि, कुछ देशों में इसे सख्त शर्तों के साथ वैध बनाया गया है, जहां मरीज की उम्र, स्थिति, सहमति और चिकित्सकीय मूल्यांकन की जांच की जाती है।नीदरलैंड्स में 2002 से वैध एक्टिव यूथेनेशिया वैध है। यह दुनिया का पहला देश जहां एक्टिव यूथेनेशिया कानूनी है। इसके अलावा बेल्जियम, कनाडा, कोलंबिया, लक्जमबर्ग, स्पेन, न्यूजीलैंड, पुर्तगाल, उरुग्वे, इक्वाडोर, ऑस्ट्रेलिया के कुछ राज्य और स्विट्जरलैंड में भी एक्टिव यूथेनेशिया का अलग-अलग शर्तों के साथ प्रावधान है।भारत में पैसिव यूथेनेशिया ही क्यों माना जाता है? भारत में पैसिव यूथेनेशिया को 9 मार्च 2018 में सुप्रीम कोर्ट के फैसले (Common Cause v. Union of India) से वैध बनाया गया। इससे पहले 2011 में अरुणा शानबाग मामले में कोर्ट ने असाधारण मामलों में अनुमति दी थी, लेकिन 2018 का फैसला इसे मौलिक अधिकार बना देता है।सुप्रीम कोर्ट ने इसे संविधान के अनुच्छेद 21 (जीवन और व्यक्तिगत स्वतंत्रता का अधिकार) का हिस्सा माना था। जीवन का अधिकार गरिमापूर्ण जीवन और गरिमापूर्ण मौत दोनों को शामिल करता है। असहनीय पीड़ा में जीना गरिमा का उल्लंघन है। अरुणा शानबाग ने 42 साल तक कोमा में बिताया था कोर्ट ने कहा कि जीवन की गरिमा में मौत की प्रक्रिया भी शामिल है। टर्मिनली इल या पर्सिस्टेंट वेजिटेटिव स्टेट (PVS) में व्यक्ति को अनावश्यक पीड़ा से मुक्त करने का अधिकार है। यह अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकारों (जैसे UDHR और ICCPR) से प्रेरित है। हालांकि, एक्टिव यूथेनेशिया भारत में अवैध है।भारत में एक्टिव यूथेनेशिया को लेकर नैतिक पक्ष क्या है? एक्टिव यूथेनिशिया को भारत में लागू न करने के पीछे मुख्य कारण कानूनी, सांस्कृतिक और नैतिक बाधाएं हैं। भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 302 या 304 के तहत इसे हत्या माना जाता है और सुप्रीम कोर्ट ने 2018 के Common Cause मामले में केवल पैसिव यूथेनिशिया (लाइफ सपोर्ट हटाना) को ही अनुमति दी है।

March 11, 2026 10:35 UTC

लेखक के बारे में अभिजात शेखर आजाद अभिजात शेखर आजाद नवभारत टाइम्स डिजिटल में असिस्टेंट न्यूज़ एडिटर हैं, जिन्हें पत्रकारिता में 16 वर्षों से अधिक का गहन अनुभव है। वे अंतरराष्ट्रीय राजनीति (International Politics), वैश्विक कूटनीति (Global Diplomacy) और रक्षा रणनीति (Defense Strategy) के विशेषज्ञ माने जाते हैं।अभिजात ने अपने करियर में अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव, रूस-यूक्रेन युद्ध और मध्य पूर्व (Middle East) के भू-राजनीतिक संकटों का सूक्ष्म विश्लेषण किया है। उनकी विशेषज्ञता केवल समाचार रिपोर्टिंग तक सीमित नहीं है, बल्कि वे जटिल अंतरराष्ट्रीय संबंधों को भारतीय दर्शकों के लिए सरल और प्रभावी ढंग से समझाने के लिए जाने जाते हैं।प्रमुख उपलब्धियां और विशेषज्ञता:रक्षा और सैन्य विश्लेषण: राफेल डील से लेकर अत्याधुनिक मिसाइल टेक्नोलॉजी और वैश्विक शक्ति संतुलन पर सैकड़ों विश्लेषणात्मक लेख।चुनाव कवरेज: कई भारतीय लोकसभा चुनावों और प्रमुख वैश्विक चुनावों की ग्राउंड और संपादकीय रिपोर्टिंग।पुरस्कार: पत्रकारिता में उत्कृष्टता के लिए दो बार प्रतिष्ठित ENBA अवार्ड से सम्मानित।इंटरव्यू: वैश्विक नीति निर्माताओं, पूर्व राजनयिकों और रक्षा विशेषज्ञों के साथ विशेष संवाद।अभिजात का लक्ष्य वैश्विक घटनाओं के पीछे छिपे 'असली कारणों' को उजागर करना है, ताकि पाठक केवल खबर न पढ़ें, बल्कि उसके दूरगामी प्रभावों को भी समझ सकें।... और पढ़ें

March 11, 2026 10:34 UTC

Virat Kohli has sparked fresh buzz ahead of the Indian Premier League 2026 after sharing a power-packed one-minute training video on social media. Virat Kohli has given fans a sneak peek into his preparations for IPL 2026 by sharing a training video on Instagram, as the Royal Challengers Bengaluru gear up to defend their championship title. Posted from his verified account, the video was simply captioned, "IPL 2026," showcasing Kohli practicing his batting in an indoor net session ahead of the upcoming season. A training clip of Virat Kohli always garners attention, but this one carries additional significance because the upcoming season is not just another chapter. A short net session, a minimal caption, and a countdown emoji were sufficient to propel fans into full IPL mode.

March 11, 2026 10:32 UTC

Why Share Market is falling: बाजार ने कल की उम्मीदों को छोड़ दिया और स्थिर शुरुआत के बाद सूचकांक तीव्र गिरावट देखने को मिली। BSE सेंसेक्स दोपहर के व्यापार में 1,100 से अधिक अंक गिर गया है, जबकि Nifty महत्वपूर्ण 24,000 के स्तर से नीचे आ गया। BSE स्मॉल कैप में 2% की गिरावट दर्ज की गई और प्रमुख मिडकैप इंडेक्स भी तेज़ी से नीचे आए। ऑटो स्टॉक्स आज सबसे ज्यादा प्रभावित हुए और Nifty Auto Index इंट्राडे में करीब 3% की गिरावट के साथ कारोबार करते दिखे।भारतीय शेयर बाजार में मंगलवार को आई तेजी पर बुधवार (11 मार्च 2026) को ब्रेक लग गया। सुबह स्थिर शुरुआत के बाद सूचकांक बड़ी गिरावट देखने को मिली। BSE सेंसेक्स दोपहर को कारोबार बंद होने के समय 1300 से ज्यादा अंक गिर गया जबकि Nifty महत्वपूर्ण 24,000 के स्तर से नीचे आ गया। BSE स्मॉल कैप में 2% की गिरावट दर्ज की गई और प्रमुख मिडकैप इंडेक्स भी तेज़ी से नीचे आए। आज सबसे ज्यादा Nifty Auto Index प्रभावित हुआ और इंट्राडे में करीब 3% की गिरावट में ररहा।बाजार विशेषज्ञ दीपक जसानी के अनुसार, “कल की उम्मीदें अब काफी हद तक फीकी पड़ गई हैं। आज क्रूड ऑयल इंट्राडे में लगभग 2% बढ़ा है। बाजार वर्तमान मध्य पूर्व की स्थिति को परख रहा है और इस बात को लेकर चिंतित है कि युद्ध जल्द समाप्त होगा या नहीं। कल सुबह बाजार में तेजी का ट्रिगर थोड़ी अधिक प्रतिक्रिया जैसी दिख रही थी। इसके अलावा, FII हर उछाल पर बेच रहे हैं, न कि नीचे खरीद रहे हैं।”जानें किन तीन वजहों से धराशायी हुआ शेयर बाजार…1.कच्चे तेल के दाम इंट्रा-डे में 2 प्रतिशत उछलेएक दिन की सबसे बड़ी गिरावट के बाद क्रूड ऑयल की कीमतें फिर से बढ़ने लगी हैं। ANI की रिपोर्ट के अनुसार, UK Maritime Organisation ने बताया कि Strait of Hormuz में एक अज्ञात कार्गो जहाज पर किसी अज्ञात प्रोजक्टाइल से हमला हुआ। इससे जहाज पर आग लगी और यह निश्चित रूप से निवेशकों में चिंता पैदा करने वाला फैक्टक बन गया।हालांकि क्रूड की कीमत अभी भी $90 प्रति बैरल के स्तर से नीचे है। लेकिन बुधवार के इंट्राडे सेशन में यह लगभग 2% बढ़ी। कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव देखे गए और निवेशक अच्छी खबर और बाजार की आशंकाओं के बीच संतुलन बना रहे।2.यूरोपीय बाजारों में धीमी शुरुआतनिवेशकों की नकारात्मक भावना उस समय और बढ़ गई, जब यूरोपीय बाजार लाल निशान पर खुले। Strait of Hormuz में एक कार्गो जहाज पर हमला होने की खबर ने पूरे यूरोप के निवेशकों को चिंतित कर दिया। यूके, फ्रांस और जर्मनी के प्रमुख इक्विटी बाजार सभी लाल निशान में हैं और लगातार नीचे की ओर जा रहे हैं। इसने वैश्विक अस्थिरता को और बढ़ा दिया।3. FIIs की बिकवालीपिछले 3 सत्रों में कुछ दिन की खरीदारी के बाद FII (विदेशी संस्थागत निवेशक) की बिक्री फिर से शुरू हो गई है। अब तक, मार्च में FIIs ने ₹32,849 करोड़ के शेयर नेट बेचे हैं।डॉ. विजयकुमार, चीफ इन्वेस्टमेंट स्ट्रैटेजिस्ट, Geojit Investments ने बताया, “कुछ महत्वपूर्ण बाजार प्रवृत्तियां हैं जिन्हें निवेशकों को अभी समझना और विश्लेषण करना चाहिए। पहला, FII बनाम DII का खेल पिछले एक साल के पैटर्न पर वापस आ गया है, जहां FII की लगातार बिक्री को DII की लगातार खरीदारी पूरी तरह संतुलित कर रही है। भारत के प्रति FII की निरंतर उदासीनता और भारतीय इक्विटी म्यूचुअल फंड में लगातार प्रवाह को देखते हुए, यह खेल निकट भविष्य में भी जारी रहने की संभावना है।”

March 11, 2026 10:22 UTC

The cash prize amounted to Rs 6 crore more than what the team led by Rohit Sharma received following their victory in the T20 World Cup in 2024. India has secured their third T20 World Cup title, making it to the finals more times than any other nation—four in total. Harbhajan was part of the side that lifted the inaugural T20 World Cup under MS Dhoni in 2007. The BCCI’s Position"The Board of Control for Cricket in India (BCCI) has announced a cash reward of INR 131 crore for Team India following their triumphant campaign in the ICC Men's T20 World Cup 2026. India thrash New Zealand by 96 runs to lift record third T20 World Cup title; Sanju Samson, Jasprit Bumrah shine

March 11, 2026 10:17 UTC





CHENNAI: Chief Minister MK Stalin on Tuesday chaired a review meeting with officials to assess the potential impact of the ongoing conflict between the United States and Iran on Tamil Nadu and to chart response measures. The meeting focused on possible repercussions for the state, particularly the safety of Tamils living in the Gulf, the welfare of Tamil Nadu fishermen in the region, and the supply of LPG cylinders. He also requested the centre to safeguard the welfare of Tamil Nadu fishermen who may be stranded in the region due to the tensions. He also urged the centre to make alternative arrangements for restaurants in case of a shortage of commercial LPG cylinders. Officials said the state government will continue to closely monitor the situation and take necessary steps as required.

March 11, 2026 10:10 UTC

New Delhi, 11-March -2026, By IBW TeamHari Nair will step down as Chief Executive Officer of Tips Music on April 30, marking a leadership transition at the veteran music label as it begins the search for his successor, The Economic Times has reported. The company said that during the transition period, Girish Taurani, Executive Director, and Sushant Dalmia, Chief Financial Officer, will jointly oversee operations until a permanent replacement is identified by the board. Nair joined Tips Music in 2023 and played a key role in reshaping the company’s strategy by focusing on digital expansion and data-driven operations. According to the ET report, Kumar Taurani, Chairman and Managing Director of Tips, credited Nair with embedding a data-led culture within the company and helping drive revenue growth aligned with shareholder expectations. (https://brandequity.economictimes.indiatimes.com/news/the-people-report/tips-music-ceo-hari-nair-to-step-down-role-shifts-to-joint-leadership/129393529?utm_source=newslisting&utm_medium=latestNews)

March 11, 2026 10:03 UTC

British police said they had banned a pro-Iranian march due to take place in London on Sunday, citing the possibility of "extreme tensions" with counter-protesters and the risk posed by Tehran during the conflict in the Middle East. The Al Quds march in central London is organised annually by the Islamic Human Rights Commission, which the police said was supportive of the Iranian regime. The Islamic Human Rights Commission has previously said on X that the march was being held in support of Palestinian liberation. Last week, British police arrested four men on suspicion of helping Iran's intelligence services carry out surveillance of people and locations linked to the Jewish community in London. Should the Islamic Human Rights Commission go ahead with a static assembly, which there is no law to ban, police said it would be placed under strict conditions.

March 11, 2026 10:01 UTC

The head of Iran's Football Federation, Mehdi Taj, has raised serious doubts about Iran participating in the FIFA World Cup 2026. Team Melli's participation has been uncertain ever since the US and Israel started military strikes on Iran. Taj's remarks came on the same day that five players from Iran's women's team claimed asylum in Australia during the Women's Asian Cup. “How could one be optimistic about the World Cup that is supposed to be held in America?” AFP quoted Taj as asking. ‘Forced to stay in Australia’ Iran's Football Federation chief claims that the five women players are not defectors.

March 11, 2026 09:48 UTC

Nagpur News शहर में प्रतिबंधित हुक्का पार्लर के खिलाफ पुलिस ने एक बार फिर सख्ती दिखाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। बजाजनगर चौक स्थित सेलेस्टियर कैफे की आड़ में चल रहे हुक्का अड्डे पर सोमवार देर रात पुलिस ने छापा मारकर पूरे गोरखधंधे का भंडाफोड़ किया। इस कार्रवाई में कैफे के मालिक, मैनेजर और दो कर्मचारियों के खिलाफ मामला दर्ज कर उन्हें हिरासत में लिया गया है। 29 हजार 700 रुपए का माल जब्त किया गया है।लाखों का सामान जब्त : पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, बजाजनगर पुलिस ने सोमवार की रात करीब 12 बजे गुप्त सूचना के आधार पर कैफे पर दबिश दी। जांच के दौरान कैफे के अंदर लगभग 30 बाय 50 फीट के कमरे में 6 टेबल लगाकर ग्राहकों को सरकार द्वारा प्रतिबंधित सुगंधित तंबाकू और अलग-अलग फ्लेवर वाले हुक्के परोसे जा रहे थे। कार्रवाई में कैफे के मालिक अमित भीमदेव इंगले (35) निवासी जयदुर्गा नगर, झिंगाबाई टाकली, मैनेजर अभय प्रमोद राव (34) निवासी मॉइल कॉलोनी छावनी, कर्मचारी सचिन अशोक भांडे (27) निवासी रामनगर तेलंगखेड़ी और आदित्य अनिल पेंडके (30) निवासी रेशिमबाग रोड के खिलाफ मामला दर्ज किया गया।मौके से लाखों रुपए का हुक्का सामान जब्त किया। इसमें 13 कांच के हुक्का पॉट, स्टील की दोमुंही पाइप, 13 रबर पाइप, 15 मिट्टी की चिलम, डबल एप्पल, स्ट्रॉबेरी, सुल्तानी पान, ऑरेंज, ब्लूबेरी, मिंट और अन्य फ्लेवर वाले सुगंधित तंबाकू के डिब्बे शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि शहर में हुक्का बार पर प्रतिबंध के बावजूद कुछ कैफे चोरी-छिपे यह धंधा चला रहे हैं। ऐसे अड्डों के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।

March 11, 2026 09:47 UTC

The NRAI urged eateries to rationalise menus, conserve fuel and temporarily prioritise dishes that require less gas and shorter cooking cycles. Among the measures suggested are batch cooking instead of repeated small cooking cycles, using lids and pressure cooking to reduce cooking time, pre-soaking grains and legumes, switching off pilot flames or burners when not in use, and using the right-sized burner for utensils to avoid flame wastage. Restaurants have also been advised to streamline menus, optimise burner use, consolidate prep schedules and reduce gas consumption during non-peak hours. Even a partial shift of certain cooking processes to electricity could reduce dependence on LPG, the body said. Restaurants have also been advised to introduce limited “crisis menus” with faster-cooking dishes and consider limiting operational hours to conserve fuel.

March 11, 2026 09:31 UTC

Hindi NewsSportsIran Football Team America Visit; FIFA World Cup 2026 | Trump Permissionईरान के खेल मंत्री बोले-हमारा फुटबॉल वर्ल्ड कप खेलना मुश्किल: FIFA ने कहा- फैसला अभी बाकी; 11 जून से अमेरिका में होगा वर्ल्ड कपस्पोर्ट्स डेस्क 3 घंटे पहलेकॉपी लिंकईरान फुटबॉल टीम ने फरवरी में अमेरिका के एरिजोना में वर्ल्ड कप की तैयारियां करनी शुरू कर दी थी। टीम ने 7वीं बार फीफा वर्ल्ड कप के लिए क्वालिफाई किया है। टीम अब तक 3 मैच ही जीत सकी है।ईरान के खेल मंत्री अहमद दुन्यामाली ने बुधवार को कहा कि फुटबॉल टीम 2026 फीफा वर्ल्ड कप में हिस्सा नहीं ले सकती। उनका कहना है कि अमेरिकी-इजराइली हमलों में ईरान के सर्वोच्च नेता की हत्या के बाद ऐसी परिस्थितियों में टूर्नामेंट में भाग लेना संभव नहीं है।हालांकि, इस मसले में FIFA का मानना है कि फिलहाल 2026 फीफा वर्ल्ड कप से ईरान के बाहर होने की बात कहना जल्दबाजी होगी। अंतिम फैसला ईरान के फुटबॉल फेडरेशन के हाथ में होगा। खेल मंत्री के बयान के बावजूद वही तय करेगा कि टीम वर्ल्ड कप में भाग लेगी या नहीं।इससे पहले FIFA के अध्यक्ष जियानी इन्फैन्टिनो ने बताया कि उन्हें अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने भरोसा दिलाया है कि ईरान की नेशनल टीम को 2026 फुटबॉल वर्ल्ड कप खेलने अमेरिका आने दिया जाएगा।इस बार फीफा वर्ल्ड कप 11 जून से 19 जुलाई तक अमेरिका, कनाडा और मेक्सिको की संयुक्त मेजबानी में हो रहा है। अमेरिका-ईरान के बीच जारी युद्ध के कारण ईरान पर ट्रैवल और वीजा बैन के बाद टीम की भागीदारी को लेकर सवाल उठ रहे थे।इन्फैन्टिनो ने X पोस्ट पर कहा-मैंने मंगलवार रात ट्रम्प से वर्ल्ड कप की तैयारियों पर चर्चा की। हमने ईरान की स्थिति और उसकी टीम की भागीदारी पर भी बात हुई। ट्रम्प ने मुझे भरोसा दिलाया है कि ईरान को वर्ल्ड कप में खेलने के लिए अमेरिका आने दिया जाएगा।ईरान का पहला मैच कैलिफोर्निया में होगा 2026 वर्ल्ड कप में ईरान के ग्रुप मैच तय हैं। टीम 15 जून को कैलिफोर्निया के इंगलवुड में न्यूजीलैंड से खेलेगी। 21 जून को बेल्जियम और 26 जून को सिएटल में मिस्र से मुकाबला होगा। ईरान को ग्रुप G में बेल्जियम, मिस्र और न्यूजीलैंड के साथ रखा गया है।ईरानी फुटबॉल प्रेसिडेंट ने कहा था- हमारा वर्ल्ड कप खेलना मुश्किल 9 दिन पहले ईरानी फुटबॉल फेडरेशन के प्रेसिडेंट मेहदी ताज ने कहा था कि मौजूदा हालातों में नेशनल टीम का अमेरिका जाकर फुटबॉल खेलना बेहद मुश्किल है। उन्होंने कहा था- ‘इस हमले के बाद हमसे यह उम्मीद नहीं की जा सकती कि हम आशा और उत्साह के साथ वर्ल्ड कप की ओर देखें।’ इतना ही नहीं, ट्रम्प सरकार ने ईरानी फैंस को देश में एंट्री देने से मना कर दिया था।2022 के फीफा वर्ल्ड कप में ईरान और अमेरिका के बीच मुकाबला खेला गया था, जिसे अमेरिका ने 1-0 से जीता था।इस मसले पर फीफा ने कहा है कि टूर्नामेंट को टालना संभव नहीं है। फीफा के वर्ल्ड कप चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर हाइमो शिर्गी ने कहा कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है, लेकिन वर्ल्ड कप तय समय पर ही होगा। उम्मीद है कि क्वालिफाई करने वाली सभी टीमें इसमें हिस्सा लेंगी।क्या कहते हैं FIFA के नियम? फीफा नियमों के मुताबिक यदि मेजबान देश किसी टीम को प्रवेश देने से इनकार करता है तो उसकी मेजबानी भी छीनी जा सकती है। तीन साल पहले इंडोनेशिया ने अंडर-20 वर्ल्ड कप में इजराइल टीम को अनुमति देने से इनकार किया था, जिसके बाद फीफा ने टूर्नामेंट इंडोनेशिया से लेकर अर्जेंटीना को दे दिया था।पांच ईरानी फुटबॉल खिलाड़ियों को ऑस्ट्रेलिया ने शरण दीस्ट्रेलिया के गृह मंत्री टोनी बर्क उन 5 महिला खिलाड़ियों के साथ, जिन्हें मानवीय आधार पर ऑस्ट्रेलिया का वीजा दिया गया है।एशियन कप से बाहर होने के बाद ईरान की महिला फुटबॉल टीम की पांच खिलाड़ियों को ऑस्ट्रेलिया ने मानवीय वीजा देकर अपने देश में रहने की इजाजत दे दी है। ऑस्ट्रेलिया के होम अफेयर्स मिनिस्टर टोनी बर्क ने बताया कि इन खिलाड़ियों को पुलिस ने सुरक्षित जगह पर पहुंचा दिया है।दरअसल, पिछले हफ्ते दक्षिण कोरिया के खिलाफ मैच से पहले ईरान की टीम ने अपना राष्ट्रगान नहीं गाया था। इसके बाद ईरान में कुछ लोगों ने टीम की आलोचना की और उन्हें सख्त सजा देने की मांग भी की। इसी वजह से खिलाड़ियों ने शरण मांगी थी।।टीम में कुल 26 खिलाड़ी और स्टाफ मौजूद थे, लेकिन फिलहाल सिर्फ पांच खिलाड़ियों ने ही शरण मांगी थी। बाकी खिलाड़ी अभी अपने फैसले पर विचार कर रहे हैं, क्योंकि उनके परिवार ईरान में रहते हैं और उन्हें उनके खिलाफ कार्रवाई का डर है।एशियन कप के पहले मैच के दौरान 2 मार्च को ईरान की खिलाड़ी राष्ट्रीय गान के दौरान लाइन में खड़ी रहीं, लेकिन उन्होंने गाना नहीं गाया। इसके बाद इन्हें गद्दार करार दिया गया।-----------------------ये खबर भी पढ़ें…ईरान जंग- लोग पालतू कुत्ते-बिल्ली छोड़कर भाग रहे:बिना खाना-पानी दिए खंभे से बांधा, नोट लिखा- सॉरी देश छोड़ रहा हूं; 25 PHOTOSमिडिल ईस्ट में बढ़ते इजराइल-ईरान तनाव के बीच संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में लोग देश छोड़ने की तैयारी में अपने पालतू कुत्तों, बिल्लियों और दूसरे जानवरों को सड़कों या शेल्टर में छोड़ रहे हैं। रेस्क्यू संगठनों के अनुसार, लोग जानवरों को बिना खाना-पानी के भीषण गर्मी में रास्ते में पोल से बांध कर छोड़ रहे हैं। पूरी खबर पढ़ें….

March 11, 2026 09:24 UTC

"In Australia, people are able to change their mind, people are able to travel. All those that made it to the airport elected to return to Iran. Fear for familiesBurke said some players had asked him about the possibility of aiding their family members leave Iran. "Obviously, when people are permanent residents, there are rights that they have in terms of sponsoring other family members. The Iranian embassy in Kuala Lumpur told Malaysian state news agency Bernama the players were doing well and "want to return home".

March 11, 2026 09:23 UTC

Malaika Arora called former cricketer and politician Navjot Singh Sidhu her lifelong friend, praising their rare and meaningful bond. She said true friendship is built on trust, respect and Sidhu’s gestures, like sending homemade treats, show their closeness. Malaika Arora recently spoke about her friendship with former cricketer and politician Navjot Singh Sidhu on a talk show. Malaika explained that as people grow older, it becomes harder to find true friends, but she feels lucky to have Sidhu in her life. Her heartfelt remarks reminded everyone that friendship built on trust, care and respect is priceless and enduring.

March 11, 2026 09:19 UTC

After the panic buying of cylinders and the disruption of the supply of cooking gas due to the LPG crisis amid the US-Iran War, the stocks of TTK Prestige and Stove Kraft soar 15% at BSE and NSE. Consequently, shares of TTK Prestige, Gandhimathi Appliances (Butterfly Gandhimathi), and Stove Kraft soared 15% on Wednesday. The authorities have already stopped the supply of LPG cylinders to hotels and restaurants. India’s kitchen appliance industry is dominated by TTK Prestige, Gandhimathi Appliances, and Stove Kraft. While TTK Prestige earns around 35% of its revenue from pressure cookers, cookware and gas stoves contribute roughly 17–18% each.

March 11, 2026 09:17 UTC