मेरठ (ब्यूरो)। बारिश के दिनों में शहर की सड़कें तालाब बन जाती हैं। शहर में ड्रेेनेज सिस्टम सही न होने से कई मोहल्ले डूब जाते हैं। ऐसे में आम लोगों को बारिश के दिनों में घुटनों तक पानी से गुजरना पड़ता है। नाले ओवरफ्लो होने के कारण सड़कें तालाब में तब्दील हो जाती हैं। हालांकि, निगम का दावा है कि बारिश के पहले नालों की सफाई कराई जाती है। बावजूद इसके, बरसात के दिनों में नालों की हालत बद से बदतर हो जाती है। शहर के ड्रेनेज सिस्टम की हालत को लेकर दैनिक जागरण आई नेक्स्ट की ओर से सोशल मीडिया पर एक सर्वे कराया गया।सोशल मीडिया पर कराया सर्वेशहर के ड्रेनेज सिस्टम की हालत को लेकर दैनिक जागरण आई नेक्स्ट ने सोशल मीडिया पर सर्वे कराया। इसके तहत ट्विटर, व्हाट्सऐप, फेसबुक, आदि सोशल मीडिया के प्लेटफॉर्म पर सर्वे कराया। इसमें करीब 100 से ज्यादा लोगों ने पार्टिसिपेट किया।तलाब बन जाता है शहरबारिश के दौरान शहर में बच्चा पार्क, कचहरी मार्ग, कचहरी और एमडीए, डीआईओएस कार्यालय दिल्ली रोड सहित विभिन्न इलाकों में जलभराव हो जाता है। नाले की साफ-सफाई न होने से सड़कों की हालत खराब हो जाती है। खास बात यह है कि जुलाई में 181 मिलीमीटर बरसात हो चुकी है। बीते 12 दिनोंं में ही तकरीबन 80 फीसदी बारिश हो चुकी है।क्या बरसात के पहले नालों की साफ-सफाई दुरुस्त कराई गई थीहां- 65नहीं- 25पता नहीं-10क्या डे्रनेज सिस्टम सही न होने से मोहल्लों में जलभराव हो जाता हैहां- 74नहीं- 18पता नहीं-8क्या नाले की प्रॉपर साफ-सफाई न होने से बरसात में हालत बिगड़ जाती है।हां- 83नहीं- 10पता नहीं-7
Source: Dainik Jagran July 15, 2023 20:18 UTC