यहां 650 साल पुराने गंगेश्वर महादेव मंदिर को मुगल शासकों द्वारा मकबरे में तब्दील करने का दावा किया गया है. इसमें दावा किया गया है कि मुगल शासकों द्वारा गंगेश्वर महादेव मंदिर का अस्तित्व मिटा कर मकबरे में तब्दील कर दिया गया. मंदिर तोड़कर मजार का निर्माण करने का दावाहिन्दू जागरण मंच का कहना है कि कायमगंज क्षेत्र के ग्राम पंचायत मऊ रसीदाबाद रौजा मोहल्ला में गंगेश्वर महादेव का प्राचीन मंदिर था. मंदिर के अवशेष दबे होने का दावाहिन्दू जागरण मंच का दावा है कि आज भी वहां पर मंदिर के अवशेष मिल जाएंगे. हिन्दू मंच का दावा है कि 1607 ईस्वी में शिवलिंग के ऊपर जबरदस्ती मजार बना दी गई.
Source: Dainik Jagran August 07, 2023 18:18 UTC