पहले जानिए क्या होती है कॉरपोरेट एफडी आसान भाषा में समझें तो जिस तरह बैंकों की तरफ से लोगों के पैसे फिक्स्ड डिपॉजिट अकाउंट में जमा किए जाते हैं और उन पर ब्याज दिया जाता है, ठीक वैसे ही कंपनियों की तरफ से भी एफडी की व्यवस्था होती है। हालांकि, कंपनियों की तरफ से लोगों को दिया जाने वाला ब्याज कुछ अधिक होता है, ताकि अधिक से अधिक लोग कॉरपोरेट एफडी की ओर आकर्षित हो सकें। इसमें भी बैंक एफडी की तरह ही फिक्स रिटर्न मिलता है।अवधि और ब्याज दर आमतौर पर कॉरपोरेट एफडी का मेच्योरिटी पीरियड 1 से 5 साल के बीच होता है, जिसमें से आप अपनी सहूलियत के मुताबिक अवधि चुन सकते हैं। हालांकि, अलग-अलग समय के लिए ब्याज दर अलग-अलग हो सकती है। उदाहरण के लिए श्रीराम ट्रांसपोर्ट फाइनेंस एफडी में आपको 7.25 फीसदी से लेकर 8.09 फीसदी तक का ब्याज मिलता है। बैंकों की तरह ही कॉरपोरेट एफडी में भी वरिष्ठ नागरिकों को फिक्स्ड डिपॉजिट पर कुछ अतिरिक्त ब्याज दिया जाता है।
Source: Navbharat Times December 24, 2020 06:33 UTC