Hindi NewsLocalRajasthanAlwar's Sodwas Rained More Than Half A Foot; More Than 100MM Rain In Many Areas Of Karauli, Kota, Sawai Madhopur, Jhunjhunuराजस्थान में मानसून ने रफ्तार पकड़ी: 24 साल बाद अलवर की साहबी नदी में आया पानी, झरने बहने लगे, अलवर में रिकॉर्ड तोड़ बारिशराजस्थान में मानसून ने रफ्तार पकड़ ली है। प्रदेश में दो दिन से पूर्वी राजस्थान के शहरों में अच्छी बारिश शुरू हो गई। बीते 24 घंटे में अलवर, झुंझुनूं, करौली, कोटा, भरतपुर, सवाई माधोपुर और जयपुर जिले के कई इलाकों में खूब पानी बरसा। अलवर में रिकॉर्ड तोड़ बारिश होने से कई इलाकों में पानी भर गया। यहां एक बरसाती साहबी नदी में 24 साल बाद पानी बहता दिखा। कोटा में तेज बारिश से अस्पताल के वार्ड में पानी भर गया। मौसम विभाग की मानें तो बारिश का ये दौर जयपुर, भरतपुर और कोटा संभाग के कुछ जिलों में आज भी जारी रह सकता है।सवाई माधोपुर जिले के रणथम्भौर में झोझेश्वर महादेव के पास बारिश के बाद झरना बहने लगा।मौसम विभाग से मिले डेटा के मुताबिक रविवार देर शाम से सोमवार सुबह तक अच्छी बारिश हुई। सबसे ज्यादा बारिश अलवर जिले के सोड़ावास एरिया में दर्ज हुई, जहां (210 MM) पानी बरसा। इसी तरह अलवर के बहरोड़ (195), नीमराणा (190), बानसूर (136), मण्डावर (149), झुंझुनूं बुहाना (117), करौली के जगर बांध (120), सूरौठ (110), हिण्डौन (95), कोटा के खातौली (104), लाडपुरा (101), सवाई माधाेपुर के देवपुरा (100), पांचोलास (150 MM) बारिश दर्ज हुई। इसके अलावा टोंक, सवाई माधोपुर, करौली, झुंझुनूं, जयपुर, धौलपुर, दौसा, भरतपुर जिलों के कई एक दर्जन इलाके ऐसे है जहां 50 से 100 MM के बीच बारिश रिकॉर्ड की गई।कोटा के जेके लोन हॉस्पिटल के वार्ड में भरा पानी।24 साल बाद बहती दिखी साहबी नदीजयपुर जिले के शाहपुरा से निकलने वाली साहबी नदी 24 साल बाद बहने लगी। जो कोटपूली, अलवर जिले में सोड़ावास से होकर हरियाणा के धारूहेड़ा होते हुए दिल्ली की यमुना नदी में मिलती है। इस नदी में कोटपूतली, शाहपुरा, बानसूर, बहरोड़ सहित कई क्षेत्रों का बरसाती पानी आता है। नदी में करीब 4 फीट पानी के साथ बहने लगी है। इससे पहले आखिरी बार साल 1996 के नदी बहती नजर आई थी।सवाई माधोपुर में कुशाली दर्रा कोटा शिवपुरी हाईवे पर भरा पानी।कोटा के जेके लोन हॉस्पिटल के वार्ड में भरा पानीकोटा जिले में बीती रात हुई तेज बारिश के बाद कई जगह पानी भर गया। यहां बच्चों का सबसे बड़ा हॉस्पिटल जेके लोन के NICU (नियोनेटल इंसेंटिव केयर यूनिट) में पानी भर गया। पानी भरने के कारण हॉस्पिटल में भर्ती बच्चों के परिजन रातभर परेशान होते रहे। सुबह 7-8 सफाई कर्मचारियों की मदद से वार्ड से पानी निकालने का काम शुरू किया गया।अलवर जिले में तेज बारिश के बाद सड़क बनी दरिया।तापमान गिरा तो तपन से मिली राहतबारिश के बाद प्रदेश के अधिकांश शहरों में तापमान में गिरावट दर्ज हुई। तापमान नीचे आने से लोगों को गर्मी से राहत मिली, हालांकि वातावरण में ह्यूमिडिटी ज्यादा होने के कारण लोग अब भी उमस से परेशान है। टोंक, बूंदी, सवाई माधोपुर, कोटा, सीकर, जयपुर, अलवर सहित अन्य जगहों पर ह्यूमिडिटी का लेवल 90 से भी ऊपर बना हुआ है। तापमान की स्थिति देखे तो फलौदी, गंगानगर और पाली को छोड़कर शेष सभी शहरों में अधिकतम तापमान 40 डिग्री से नीचे चला गया है।5 हजार लोगों का आवागमन बंदइटावा क्षेत्र में लगातार 2 दिन से हो रही बारिश से जनजीवन प्रभावित हो रहा है। कस्बे की सड़कें तालाब सी दिख रही हैं। ग्राम पंचायत बबुलिया कला में हुई लगातार बरसात से आम जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। बारिश के कारण बंबूलिया कला से राजपुरा जाने वाली सड़क का सम्पर्क टूट गया। पानी के बहाव से सड़क का 25 फीट हिस्सा बह गया। 10 फीट गहरा गढ्ढा हो गया। बम्बूलिया निवासी राकेश मीणा ने बताया कि सड़क के पानी में बह जाने से आवागमन ठप है। लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। राजपुरा के करीब 5 हजार लोगों को गांव से जाने का एक ही रास्ता है।
Source: Dainik Bhaskar July 19, 2021 07:10 UTC