16 साल से अलग रह रहे इस शख्स की तलाक की अर्जी पर सुप्रीम कोर्ट ने दोटूक सलाह दे डाली- शांति से बैठो, 15 हजार रुपये देते रहो और खुश रहो. सुप्रीम कोर्ट में कहा कि पत्नी को हर महीने 15 हजार रुपये देना उसे बहुत भारी पड़ रहा है. वह हर महीने 65 हजार रुपये कमाता है, इसमें से 15 हजार रुपये निकालना काफी मुश्किल हो रहा है. उन्होंने बताया कि दंपति की कोई संतान नहीं है और महिला फिलहाल अपनी मां के साथ रह रही है. बहरहाल, पति की तलाक की मांग पर अदालत ने साफ कह दिया कि अगर तलाक चाहिए तो एकमुश्त गुजारा भत्ता देने का सम्मानजनक ऑफर देना होगा.
Source: NDTV April 10, 2026 19:51 UTC