शुद्धिपत्र में कहा गया है कि 2 मार्च को अख़बार में तमिलनाडु में बिहारी मजदूरों पर हिंसा की खबर सच्ची नहीं थी. दैनिक भास्कर की संपादकीय टीम उक्त खबर को रिपोर्ट करने के लिए तमिलनाडु और बिहार के लोगों से माफी मांगती है. गौरतलब है कि दैनिक भास्कर ने 2 मार्च को ट्विटर पर एक वीडियो पोस्ट किया था. जिसमें कहा गया था कि तमिलनाडु में बिहारी मजदूरों को हिंदी में बात करने के लिए दंडित किया जा रहा है. वीडियो में यह भी बताया था कि तमिलनाडु में 15 से अधिक बिहारी प्रवासी श्रमिकों की हत्या हो चुकी है, जो की सरासर गलत खबर थी.
Source: Dainik Bhaskar July 11, 2023 15:55 UTC