लोकसभा में नक्सलवाद पर नियम 193 के तहत चर्चा की शुरुआत करते हुए शिवसेना सांसद श्रीकांत एकनाथ शिंदे ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष की सरकारों ने देश को रेड कॉरिडोर दिया, जबकि मोदी सरकार ने रेड कॉरिडोर को खत्म कर ग्रोथ कॉरिडोर दिया है. उन्होंने याद दिलाया कि गृह मंत्री ने एक साल पहले सदन में 31 मार्च से पहले नक्सलवाद खत्म करने की बात कही थी और आज 30 मार्च 2026 को उसी डेडलाइन पर संसद में चर्चा हो रही है. उन्होंने आरोप लगाया कि विकास की अनदेखी के कारण गरीब किसान और आदिवासी हथियार उठाने को मजबूर हुए, जबकि पिछले 11 साल में मोदी सरकार ने पिछड़ों और गरीबों का भरोसा जीतकर उन्हें सशक्त किया और हथियार छोड़ने के लिए प्रेरित किया. बहस में कांग्रेस सांसद सप्तगिरि शंकर उलाका ने कहा कि उनका संसदीय क्षेत्र कोरापुट नक्सल प्रभावित रहा है और उन्होंने नक्सल हमलों में कई कार्यकर्ता खोए हैं. उन्होंने छत्तीसगढ़ में परिवर्तन यात्रा के दौरान कांग्रेस के शीर्ष नेताओं की हत्या का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि तत्कालीन मुख्यमंत्री रमन सिंह ने सुरक्षा नहीं दी और एनआईए जांच की मांग के बावजूद कार्रवाई नहीं हुई, साथ ही कहा कि नक्सलवाद से सबसे ज्यादा प्रभावित कांग्रेस के नेता ही हुए हैं.
Source: NDTV March 31, 2026 14:45 UTC