भालू द्वारा 13 दिनों के भीतर चार लोगों को घायल करने के बाद ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन किया।टिहरी जिले के सुल्यधार में एक भालू द्वारा 13 दिनों के भीतर चार लोगों को घायल करने के बाद ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन किया। मुख्य वन्य जीव प्रतिपालक ने भालू को पकड़ने या शूटआउट करने के आदेश जारी किए हैं।. बैरगणी-किरगणी, रामगांव और दिखोलगांव सहित कई गांवों के ग्रामीण कलेक्ट्रेट पहुंचे। उन्होंने शासन-प्रशासन और वन विभाग के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया और धरने पर बैठ गए। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था।धरने पर बैठे ग्रामीणों ने प्रशासन से टिहरी के डीएफओ पुनीत तोमर को निलंबित करने और उनका स्थानांतरण करने की मांग की। इसके साथ ही उन्होंने लगातार लोगों को घायल कर रहे भालू को मारने की भी मांग की।मामले को शांत करने के लिए प्रभारी जिलाधिकारी वरुणा अग्रवाल मौके पर पहुंचीं और ग्रामीणों से बातचीत की, लेकिन ग्रामीण अपनी मांगों पर अड़े रहे। इसके बाद प्रभारी जिलाधिकारी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए वन विभाग के उच्च अधिकारियों से चर्चा की। देर शाम करीब 6:30 बजे मुख्य वन्य जीव प्रतिपालक ने भालू को पकड़ने और शूटआउट करने की अनुमति के आदेश दिए।प्रभारी जिलाधिकारी ने इन आदेशों की जानकारी धरने पर बैठे ग्रामीणों को दी और उन्हें जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया। उन्होंने बताया कि वन विभाग की टीम क्षेत्र में कार्रवाई के लिए तैनात की जाएगी। ग्रामीणों की मांग पर क्षेत्र में स्ट्रीट लाइट लगाने का भी आश्वासन दिया गया, जिसके बाद ग्रामीणों का गुस्सा शांत हुआ। प्रभारी जिलाधिकारी वरुणा अग्रवाल ने यह भी कहा कि इस घटना की जांच एसडीएम के नेतृत्व में गठित एक टीम द्वारा की जाएगी, जिसके उपरांत आवश्यक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
Source: Dainik Bhaskar April 02, 2026 17:19 UTC