राजधानी दिल्ली के गिरजाघर क्रिसमस डे के लिए सजकर पूरी तरह से तैयार हो गए है। आज यानी शुक्रवार को पूरे विश्व के लोग मिलकर प्रभु यीशु के जन्मदिन मनाएंगे और इस मौके पर गिरजाघरों में पहुंचकर प्रार्थना करेंगे। हालांकि दिल्ली के अधिकतर गिरजाघर कोविड-19 की वजह से दो दिन के लिए बंद हैं जिसके चलते श्रद्धालुओं के प्रवेश पर रोक रहेंगी। इसमें नई दिल्ली और पुरानी दिल्ली के गिरजाघर शामिल हैं। वहीं क्रिसमस की पूर्व संध्या पर दिल्ली के गिरजाघर की इमारतों में लाइट से सजागरण संवाददाता, नई दिल्ली : राजधानी दिल्ली के चर्च क्रिसमस डे के लिए सजकर पूरी तरह से तैयार हो गए हैं। आज यानी शुक्रवार को पूरे विश्व के लोग मिलकर प्रभु यीशु का जन्मदिन मनाएंगे। इस मौके पर लोग विभिन्न चर्चो में पहुंचकर प्रार्थना करेंगे। हालांकि, दिल्ली के अधिकतर चर्च कोविड-19 महामारी की वजह से दो दिन के लिए बंद हैं, जिसके चलते श्रद्धालुओं के प्रवेश पर रोक रहेगी।वहीं, क्रिसमस की पूर्व संध्या पर दिल्ली के चर्च की इमारतों में लाइट से सजावट की गई है। इसके अलावा केक की दुकानों पर भी क्रिसमस स्पेशल केक के आर्डर बड़ी संख्या में दिए गए हैं, जिन्हें क्रिसमस के मौके पर बांटा जाएगा।नई दिल्ली के गोल डाकखाना स्थित चर्च इस साल आम श्रद्धालुओं के लिए नहीं खोला जाएगा। चर्च के पादरी लारेंस ने कहा कि इस साल कोरोना वायरस के चलते यह रोक लगाई गई है। केवल चर्च के सदस्यों को ही आने की अनुमति दी जाएगी, जो चार बार में होने वाली प्रार्थना में अलग-अलग आकर शामिल होंगे। उन्होंने बताया कि क्रिसमस के लिए पदाधिकारी भी पूरी तरह से तैयार हैं। चर्च के अंदर मोमबत्तियां जलाने के लिए भी शारीरिक दूरी के नियम का ध्यान रखा गया है। उन्होंने कहा कि चर्च को अंदर व बाहर लाइटों व अन्य साजों सामान से सजाया गया है। कश्मीरी गेट स्थित सेंट जेम्स चर्च में भी रोशनी से सजावट की गई है। साथ ही झांकी के माध्यम से प्रभु यीशु के जन्म के समय की स्थिति भी दशाई गई है।----------इस क्रिसमस चर्च के अंदर युवा नहीं ले सकेंगे सेल्फीराजधानी में बने एतिहासिक चर्चो में दूर दराज से आकर लोग सेल्फी लेते थे, लेकिन इस साल कोविड-19 के कारण लोगों के प्रवेश पर रोक रहेगी, जिसके चलते वह सेल्फी नहीं ले सकेंगे। इसका लोगों को मलाल रहेगा। वहीं, चर्च के प्रवेश द्वार पर एक बख्सा रखा जाएगा, जिसमें लोग अपने प्रार्थना पत्र डाल सकेंगे, जिसे प्रभु यीशु के चरणों तक पहुंचाया जाएगा।----------फलों और ड्राई फ्रुट्स वाले केक के आर्डर की रही भरमारक्रिसमस को लेकर बेकरी पर जमकर केक के आर्डर आए। बंगला पेस्ट्री दुकान के संचालक राजेंद्र अग्रवाल का कहना है कि एक दिन पहले बेकरी पर तमाम तरह के केक बनाने के लिए आर्डर मिले। इनमें प्लम केक, फलों के केक, अखरोट के केक और चाकलेट केक की सबसे अधिक मांग है। उन्होंने कहा कि इन केक की कीमत 500 से लेकर 1200 रुपये प्रति किलो रखी गई है। बाजारों में जाकर लोगों ने खरीदी सेंटा की पोशाकक्रिसमस की पूर्व संध्या पर बाजारों में भी रौनक देखने को मिली। लोग गिफ्ट, घरों को सजाने के सामान की खरीदारी करते नजर आए। सबसे अधिक बच्चों के लिए सांता की पोशाक की धूम रही। सफेद दाढ़ी व मखमल से बनी लाल रंग की पोशाक 350 से लेकर 900 रुपये तक की बिकी। वहीं, चर्च के बाहर दुकान लगाने वाले लोगों का कहना है कि इस साल चर्च बंद रहने से उन्हें नुकसान होगा।डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस
Source: Dainik Jagran December 24, 2020 14:59 UTC