दिल्ली सहित उत्तर भारत में छाए घने कोहरे और खराब मौसम का असर रेल यातायात पर लगातार तीसरे दिन भी बना रहा। शुक्रवार को भोपाल रेलवे स्टेशन पर उत्तर और दक्षिण भारत को जोड़ने वाली कई प्रमुख ट्रेनें घंटों की देरी से पहुंचीं। इससे यात्रियों को प्लेटफॉर्म प. रेल अफसरों के अनुसार, उत्तर भारत के कई रेल सेक्शनों में दृश्यता बेहद कम है। ऐसे में सुरक्षा मानकों के तहत लो विजिबिलिटी प्रोटोकॉल लागू किए गए हैं, जिसके कारण ट्रेनों की गति सीमित रखनी पड़ रही है। इसका सीधा असर लंबी दूरी की ट्रेनों के संचालन पर पड़ रहा है। लगातार तीसरे दिन देरी का सिलसिला जारी रहने से विशेष रूप से दूरस्थ यात्रा करने वाले यात्रियों की परेशानियां बढ़ गई हैं।रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे स्टेशन आने से पहले अपनी ट्रेन की लाइव स्थिति की जानकारी अवश्य लें। उधर, मौसम विभाग ने संकेत दिए हैं कि उत्तर भारत में अगले कुछ दिनों तक कोहरे की स्थिति बनी रह सकती है।हवाई यात्रियों को राहतरेल यात्रियों के लिए दिनभर स्थिति चुनौतीपूर्ण रही, वहीं हवाई यात्रियों को राहत मिली। काफी दिनों बाद राजा भोज एयरपोर्ट से कोई भी उड़ान रद्द नहीं हुई। एयरपोर्ट सूत्रों के मुताबिक सुबह के समय दृश्यता में सुधार देखने को मिला, जिससे 18 उड़ानों का संचालन लगभग सामान्य रहा। कुछ फ्लाइट्स अपने निर्धारित समय से मामूली देरी से पहुंचीं, लेकिन बड़े स्तर पर कोई अव्यवस्था नहीं हुई।भोपाल पहुंचने वाली लेट ट्रेनें, यात्री परेशानअमरकंटक एक्सप्रेस 1 घंटा 45 मिनट {छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस 2 घंटे 10 मिनट {शताब्दी एक्सप्रेस 2 घंटे 20 मिनट {पंजाब मेल 3 घंटे 30 मिनट {गोरखपुर-पुणे एक्सप्रेस 3 घंटे 45 मिनट {कुशीनगर एक्सप्रेस 4 घंटे 15 मिनट {दक्षिण एक्सप्रेस 4 घंटे 35 मिनटअमृतसर एक्सप्रेस 4 घंटे 45 मिनट {मालवा एक्सप्रेस 5 घंटे {सीतापुर–एलटीटी एक्सप्रेस 5 घंटे {कर्नाटक एक्सप्रेस 5 घंटे 45 मिनट {भोपाल एक्सप्रेस 6 घंटे 20 मिनट {तमिलनाडु एक्सप्रेस 6 घंटे {कालका नगर- शिरडी एक्सप्रेस 6 घंटे 30 मिनट {नांदेड़ एक्सप्रेस 6 घंटे {एपी एक्सप्रेस 7 घंटे 10 मिनट {जीटी एक्सप्रेस 8 घंटे {केरल एक्सप्रेस 10 घंटे 45 मिनट।
Source: Dainik Bhaskar January 10, 2026 01:38 UTC