दान और चंदा देकर कैसे बचा सकते हैं टैक्स? जानें सेक्शन 80G, 80GGA और 80GGC के नियम - News Summed Up

दान और चंदा देकर कैसे बचा सकते हैं टैक्स? जानें सेक्शन 80G, 80GGA और 80GGC के नियम


​क्या कहता है सेक्शन 80G आयकर कानून का सेक्‍शन 80G कुछ निश्चित रिलीफ फंड्स और चैरिटेबल संस्थानों को डोनेशन या दान देकर टैक्स डिडक्शन का लाभ पाने का विकल्प उपलब्ध कराता है। इसका फायदा व्यक्तिगत आयकरदाता, कंपनी, एचयूएफ और NRIs भी उठा सकते हैं। हालांकि विदेशी संस्थानों और राजनीतिक दलों को दिया गया दान या चंदा इसके दायरे में नहीं आता है। डिडक्शन का क्लेम कुछ मामलों में 100 फीसदी तक तो कुछ में 50 फीसदी तक या किसी में बिना लिमिट वाला हो सकता है। दान चेक/ड्राफ्ट या कैश में दिया जा सकता है लेकिन कैश में 2000 रुपये से ज्यादा के दान पर टैक्स डिडक्शन का फायदा नहीं मिलेगा।​ट्रस्ट या संस्थान सेक्शन 12A के तहत होना चाहिए रजिस्टर सेक्शन 80G के तहत टैक्स डिडक्शन पाने के लिए केवल टैक्सेबल या एग्जेंप्ट इनकम (जैसे टैक्स फ्री बॉन्ड से आय) को ही दान के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है। ट्रस्ट या संस्थान को आयकर कानून, 1961 के सेक्शन 12A के तहत रजिस्टर होना जरूरी है। आयकर विभाग ने जिन संस्थानों/एंटिटीज की लिस्ट नोटिफाई कर रखी है, उनके कुछ उदाहरण प्रधानमंत्री नेशनल रिलीफ फंड, केन्द्र सरकार का नेशनल डिफेंस फंड सेटअप, जिला साक्षरता समिति, नेशनल कल्चरल फंड, नेशनल चिल्ड्रन्स फंड, जवाहरलाल नेहरू मैमोरियल फंड, प्रधानमंत्री सूखा रिलीफ फंड आदि हैं।​न भूलें ये जरूरी डॉक्युमेंट्स ट्रस्ट या चैरिटी की दान प्राप्ति की स्टैंप्ड रसीद। इसमें दान पाने वाले का नाम, उसका PAN, उसका पता और दान किया गया अमाउंट उल्लिखित होना चाहिए।फॉर्म 58। दान पर 100 फीसदी क्लेम पाने के लिए फॉर्म 58 भरकर जमा करना होगा।ट्रस्ट का रजिस्ट्रेशन नंबर​सेक्शन 80GGA के नियम अगर व्यक्तिगत करदाता सरकार द्वारा मंजूर (35(1)(ii), 35(1)(iii), 35CCA, 35CCB के तहत) किसी वैज्ञानिक अनुसन्धान करने वाली संस्था, ग्रामीण विकास के लिए काम करने वाली संस्था, यूनिवर्सिटी या कॉलेज, 35AC के तहत आने वाली पब्लिक सेक्टर कंपनी, स्थानीय अथॉरिटी या एसोसिएशन/इंस्टीट्यूशन आदि को दान देता है तो आयकर कानून के सेक्शन 80GGA के अंतर्गत वह उस पर टैक्स डिडक्शन क्लेम कर सकता है। दान कैश/चेक/ड्राफ्ट में दिया गया हो सकता है, लेकिन कैश में 10000 रुपये से अधिक के चंदे पर यह फायदा नहीं मिलेगा। दान पर 100 फीसदी टैक्स डिडक्शन पाया जा सकता है। याद रहे कि कारोबारी या पेशेवर आमदनी से इस तरह का दान छूट के दायरे में नहीं आता है।​सेक्शन 80GGC के प्रावधान अगर सैलरीड इंप्लॉई किसी राजनीतिक दल या इलेक्टोरल ट्रस्ट को चंदा देता है तो वह सेक्शन 80GGC के अंतर्गत उस पर टैक्स डिडक्शन का लाभ ले सकता है। लेकिन इसके लिए शर्त यह है कि यह चंदा कैश में नहीं होना चाहिए। चंदे के पूरे अमाउंट पर टैक्स डिडक्शन का लाभ पाया जा सकता है लेकिन डिडक्शन अमाउंट व्यक्ति की कुल टैक्सेबल इनकम से ज्यादा नहीं होना चाहिए। आयकर विभाग के मुताबिक, राजनीतिक दल से अर्थ रिप्रेजेंटेशन ऑफ द पीपुल एक्ट, 1951 (43 of 1951) के सेक्शन 29A के अंतर्गत रजिस्टर्ड राजनीतिक दल से है। इलेक्टोरल ट्रस्ट से अर्थ कंपनीज एक्ट 2013 के सेक्शन 8 के तहत बनाई गई नॉन-प्रॉफिट कंपनी से है।


Source: Navbharat Times May 31, 2021 06:33 UTC



Loading...
Loading...
  

Loading...

                           
/* -------------------------- overlay advertisemnt -------------------------- */