वित्त मंत्रालय ने बैंक की परीक्षाएं स्थानीय भाषाओं में आयोजित करने के संबंध में गठित की कमेटी,15 दिन में आएगी रिपोर्टवित्त मंत्रालय की ओर से गठित की गई समिति 15 दिनों के भीतर अपनी रिपोर्ट पेश करेगी। वहीं इस दौरान IBPS द्वारा शुरू की गई परीक्षा आयोजित करने की चल रही प्रक्रिया को रिपोर्ट उपलब्ध कराए जाने तक रोक कर रखा जाएगा।वित्त मंत्रालय ने आज यानी कि 13 जुलाई, 2021 को बैंक की परीक्षाएं स्थानीय भाषाओं में आयोजित करने के मुद्दे पर एक कमेटी का गठन किया है। इसके मुताबिक पब्लिक सेक्टर, पीएसबी के बैंकों (Public Sector Banks, PSBs) में लिपिक संवर्ग के लिए स्थानीय/क्षेत्रीय भाषाओं में परीक्षा आयोजित करने की मांग पर विचार करने के लिए और इस मामले की संपूर्ण जांच के लिए एक समिति का गठन किया गया है। यह समिति अब 15 दिनों के भीतर अपनी रिपोर्ट पेश करेगी। वहीं इस दौरान आईबीपीएस द्वारा शुरू की गई परीक्षा आयोजित करने की चल रही प्रक्रिया को रिपोर्ट उपलब्ध कराए जाने तक रोक कर रखा जाएगा।दरअसल, पूरा मामला साल, 2019 का है। उस वक्त वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आईबीपीएस आरआरबी (रीजनल रूरल बैंक) भर्ती परीक्षा के संबंध में बड़ा बयान दिया था। उन्होंने कहा था कि अब यह परीक्षाएं 13 स्थानीय भाषाओं में आयोजित होगी। वित्त मंत्री ने ट्वीट कर यह जानकारी दी थी।उन्होंने अपने ट्वीट में लिखा था कि रीजनल ग्रामीण बैंकों में भर्ती के लिए होने वाली परीक्षा 13 लोकल लेंग्वेज में आयोजित की जाएगी। इनमें हिंदी और अंग्रेंजी के साथ ही अब परीक्षा असमिया, बंगाली, गुजराती, कन्नड़, मलयालम, मणिपुरी, मराठी, उड़िया, पंजाबी, तमिल, तेलगु और उर्दू में भी परीक्षा होगी। निर्मला सीतारमण ने कहा, ''स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए ऑफिसर स्केल I और ऑफिस असिस्टेंट की परीक्षा हिंदी और अंग्रेजी के अलावा इन रीजनल भाषाओं में कराई जाएगी।'शॉर्ट मे जानें सभी बड़ी खबरें और पायें ई-पेपर,ऑडियो न्यूज़,और अन्य सर्विस, डाउनलोड जागरण ऐप
Source: Dainik Jagran July 13, 2021 14:17 UTC