मॉल के कारोबार को भारी नुकसान कोरोनावायरस संक्रमण (Covid infection) के दूसरे चरण को रोकने के लिए देश के कई राज्यों में लॉकडाउन (LockDown) किया गया है। करीब 8 हफ्ते के इस लॉकडाउन से मॉल ऑनर (Mall owners) को 3000 करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान हुआ है। कोरोना संकट (Covid crisis) के दूसरे चरण में की गई सख्ती से खुदरा कारोबार के तकरीबन सभी कैटेगरी ( retail side across categories ) में कारोबार को 25 फीसदी का नुकसान हुआ है। शॉपिंग सेंटर एसोसिएशन ऑफ इंडिया (SCAI) के चेयरमैन मुकेश कुमार ने यह जानकारी दी है।मॉल की मांग में रहेगी तेजी मॉल ओनर्स (mall owners ) हालांकि इस संकट के बाद भी अपनी योजना से पीछे हटने के मूड में नहीं हैं। उन्होंने अंडर कंस्ट्रक्शन प्रोजेक्ट (under-construction projects) को पूरा करने का फैसला किया है। शॉपिंग सेंटर एसोसिएशन ऑफ इंडिया ने कहा है कि मॉल ऑनर्स को उम्मीद है कि कमर्शियल और ऑफिस स्पेस की मांग (demands for commercial space ) एक बार फिर बढ़ सकती है। कोरोना महामारी के खत्म होने के बाद (pandemic recedes) इस तरह की मांग बढ़ने की उम्मीद की जा रही है।करोड़ों का हुआ नुकसान कोरोना संकट (Covid Crisis) की वजह से देश के कई राज्यों में 8 हफ्ते से लॉकडाउन (LockDown) किया गया है। उसके बाद भी कुछ बड़े रिटेल ग्रुप (Retail Group) जगह की कमी का रोना रो रहे हैं। एसोसिएशन का कहना है कि भविष्य को देखते हुए कुछ बड़े रिटेल प्लेयर अभी से जगह की तलाश में लग गए हैं। कोरोना संकट के 8 हफ्ते के लॉकडाउन में मॉल को ₹3000 करोड़ का नुकसान हुआ है। अगर बात खुदरा बिक्री की सभी केटेगरी की करें ( all categories put together) तो कारोबार को ₹25000 करोड़ से अधिक का नुकसान हुआ है।सुरक्षित तरीके से शॉपिंग की इजाजत शॉपिंग सेंटर एसोसिएशन ऑफ इंडिया (SCAI) ने कहा है कि मॉल में होने वाली कुल बिक्री (Mall Sales) का 12 से 15 फ़ीसदी खुदरा कारोबार से आता है। मॉल ओनर्स (Mall Owners) ने राज्य सरकारों से मांग की है कि उन्हें कामकाज तुरंत शुरू करने की इजाजत दी जाए। Mall Owners का कहना है कि ग्राहकों को नियंत्रित और सुरक्षित तरीके से शॉपिंग (safe shopping) करने की इजाजत दी जानी चाहिए। कई राज्य अब लॉकडाउन में ढील देने जा रहे हैं।बैंक लोन चुकाने का मिले समय कई राज्यों ने कहा है कि आगामी जून से वे कोरोना सख्ती में ढील देने जा रहे हैं। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल (Arvind Kejriwal) ने शुक्रवार को कहा है कि शहर में अब लॉकडाउन (LockDown) हटाने पर विचार किया जा रहा है। उम्मीद है कि इसके बाद उनके कारोबार में सुधार आ सकता है। इसके साथ ही शॉपिंग मॉल (Shopping malls) ने अपने बैंक लोन पर मोरेटोरियम ( moratorium on their loans) की अवधि बढ़ाए जाने की भी मांग की है।किराया नहीं मिलने से परेशानी बहुत से शॉपिंग मॉल लीज रेंटल डिस्काउंटिंग स्कीम (LRD scheme) के तहत बैंक से लोन लेते हैं। इसमें मॉल डेवलपर (Mall developer) को शॉप से मिलने वाले किराए की मदद से लोन चुकाने की सुविधा मिलती है। कोरोना संक्रमण (Covid INfection) रोकने के लिए की गई सख्ती और मॉल के कारोबार में आ रही बाधा की वजह से वह इस मसले पर भी कई चुनौतियों का सामना कर रहे हैं। पिछली बार lockdown के बाद भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने लोन लेने वाले सभी पक्ष को लोन मोरटोरियम (Loan moratorium) की सुविधा दी थी इस बार भी उन्हें वह सुविधा मिलनी चाहिए।
Source: Navbharat Times May 29, 2021 10:28 UTC