Ranbir Kapoors Ram Look Lacks Arun Govils Innocence: Sunil Lehri - News Summed Up

Ranbir Kapoors Ram Look Lacks Arun Govils Innocence: Sunil Lehri


Hindi NewsEntertainmentRanbir Kapoors Ram Look Lacks Arun Govils Innocence: Sunil Lehriरणबीर के 'राम' लुक पर बोले सुनील लहरी: एनिमल के बाद भगवान राम के रूप में देखना मुश्किल, चेहरे पर अरुण गोविल जैसी मासूमियत की कमी1 दिन पहलेकॉपी लिंकरणबीर कपूर की फिल्म ‘रामायण’ का टीजर रिलीज होने के बाद से ही चर्चा में बना हुआ है। अब रामानंद सागर की ‘रामायण’ में लक्ष्मण का किरदार निभाने वाले एक्टर सुनील लहरी ने इस पर अपनी राय दी है।सुनील ने रणबीर कपूर के 'राम' वाले अवतार पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि रणबीर में वह मासूमियत और शीतलता नहीं दिख रही, जो अरुण गोविल में थी।साथ ही उन्होंने फिल्म के भारी-भरकम बजट और इमोशंस के तालमेल पर भी अपनी बात रखी है।एक्टर सुनील लहरी।टीजर में वीएफएक्स तो है, पर इमोशंस नहींसुनील लहरी ने एक DNA से बातचीत में कहा कि किसी फिल्म को सिर्फ उसके टीजर के आधार पर जज करना ठीक नहीं है। उनके मुताबिक, टीजर में भव्य सेट और अत्याधुनिक वीएफएक्स (VFX) तो दिख रहे हैं, लेकिन कुछ चीजों ने उन्हें निराश किया है।सुनील ने कहा, टीजर एक शोकेस की तरह है, जिसमें मेकर अपनी भव्यता और विजुअली रिच बैकग्राउंड दिखा रहा है। टीजर को देखकर मुझे कुछ पहलुओं से थोड़ी चिढ़ हुई है।बिना भावनाओं के फिल्म नहीं चलेगीसुनील ने फिल्म की तुलना दुनिया की बड़ी फिल्मों और पुरानी रामायण से की। उन्होंने कहा कि ‘अवेंजर्स’ या ‘टाइटैनिक’ जैसी फिल्में इसलिए चलीं क्योंकि उनमें इमोशंस बहुत मजबूत थे। सुनील बोले, रामानंद सागर की रामायण में भले ही बहुत अच्छा VFX या बड़ा बजट नहीं था, लेकिन भावनाएं इतनी मजबूत थीं कि 38 साल बाद भी लोग इसे बेस्ट मानते हैं।आप 4000-5000 करोड़ खर्च कर लें, लेकिन अगर इमोशन क्वोशन्ट मजबूत नहीं है, तो लोग फिल्म से नहीं जुड़ेंगे।रणबीर में नहीं दिख रही राम जैसी शीतलतारणबीर कपूर के लुक पर बात करते हुए सुनील ने कहा कि रणबीर ठीक दिख रहे हैं, लेकिन उनके चेहरे पर राम जैसी मासूमियत कम है। उन्होंने कहा, जो धैर्य और मासूमियत अरुण गोविल के चेहरे पर दिखती थी, उसकी कमी लग रही है। हालांकि, मुझे उम्मीद है कि वह अपनी एक्टिंग से किरदार के साथ न्याय करेंगे।सुनील ने आगे कहा कि 'एनिमल' जैसी फिल्म के बाद रणबीर को अचानक भगवान राम के रूप में देखना दर्शकों के लिए मुश्किल होगा। वह राम के बजाय लक्ष्मण या भरत के किरदार के लिए ज्यादा फिट लगते।सुपरस्टार की छवि बनती है बड़ी बाधासुनील लहरी का मानना है कि भगवान राम जैसे किरदारों के लिए नए चेहरों को कास्ट करना बेहतर होता है। उन्होंने तर्क दिया कि जब कोई सुपरस्टार ऐसा रोल करता है, तो दर्शकों के मन में उसकी पिछली फिल्मों की इमेज रहती है। उन्होंने कहा, थिएटर में एंट्री करते वक्त दर्शकों के मन में एक्टर की एक खास छवि बनी रहती है।किसी एक्टर के लिए अपनी पुरानी इमेज को त्याग देना और भगवान के रूप में स्वीकार्यता हासिल करना लगभग नामुमकिन है। बता दें कि इस फिल्म में लक्ष्मण का रोल रवि दुबे निभा रहे हैं।.


Source: Dainik Bhaskar April 04, 2026 00:46 UTC



Loading...
Loading...
  

Loading...

                           
/* -------------------------- overlay advertisemnt -------------------------- */