Mumbai: School bus driver uses bamboo stick as gear, arrestedXमुंबई में अगर एक स्कूल बस की बीएमडब्ल्यू कार से टक्कर नहीं हुई होती तो शायद पता भी नहीं चलता कि दर्जनों बच्चों की जान जोखिम में डाली जा रही है। मामला सांताक्रूज के पोद्दार एजुकेशन कॉम्प्लेक्स का है। यहां एक स्कूल ड्राइवर की बड़ी लापरवाही का खुलासा हुआ है।मंगलवार को खार इलाके में स्कूल बस, बीएमडब्ल्यू से टकरा गई। मधु पार्क के पास हुई इस भिड़ंत के बाद कार में सवार कारोबारी ने पीछा करके बस को रुकवा दिया। कारोबारी के यह देखकर होश उड़ गए कि ड्राइवर राजकुमार (21) एक बांस की छड़ी को गियर बॉक्स में लगाकर बस चला रहा है। इसके बाद कारोबारी ने पुलिस कंट्रोल रूम को मामले की जानकारी दी। पुलिस ने फौरन ऐक्शन लेते हुए आरोपी ड्राइवर को गिरफ्तार कर लिया। बाद में उसे जमानत पर रिहा कर दिया गया।अभी यह साफ नहीं है कि जब बस और कार की टक्कर हुई उस वक्त बच्चे स्कूल बस में बैठे थे या उन्हें स्कूल छोड़ा जा चुका था। पुलिस को दी गई शिकायत में कारोबारी ने कहा, 'मैं चाहता था कि ड्राइवर पर कार्रवाई हो, इसी वजह से मैंने उसे गलत तरीके से गाड़ी चलाने पर रोका था। हालांकि जब मैं ड्राइवर वाली सीट की तरफ पहुंचा तो मुझे उस वक्त यह देखकर झटका लगा कि गियर लीवर की जगह बांस की स्टिक लगाकर बस को चलाया जा रहा था।'इसके बाद खार निवासी कारोबारी ने सबूत के तौर पर अपने मोबाइल फोन से बस के अंदर बांस के बने गियर की कई तस्वीरें खींचीं और साथ ही विडियो भी बना लिया। खार के एक पुलिस अधिकारी का कहना है, 'राजकुमार के पास उत्तर प्रदेश का लाइसेंस है। उसका कहना है कि वह तीन दिन से बांस की छड़ी से बने गियर का इस्तेमाल कर रहा था। राजकुमार ने बताया है कि उसे गियर की मरम्मत का वक्त नहीं मिल पा रहा था। स्कूल को इस संबंध में आवश्यक कदम उठाने के लिए जानकारी दे दी गई है।'अडिशनल पुलिस कमिश्नर (वेस्ट) मनोज शर्मा ने कहा है कि खार पुलिस ने बस ड्राइवर के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 279 (लापरवाही के साथ गाड़ी चलाना) और 336 (किसी शख्स की जान जोखिम में डालना) के तहत केस दर्ज किया गया है। पुलिस ने आरटीओ को भी घटना की जानकारी देते हुए आगे की कार्रवाई के लिए कहा है। इस बीच स्कूल प्रबंधन ने मीडिया को जारी बयान में घटना पर हैरानी जताते हुए कहा, 'मामला संज्ञान में आया है। घटना 5 फरवरी की है। बस में बैठे सभी छात्र सुरक्षित हैं। स्कूल के साथ ही स्कूल ट्रांसपॉर्ट कमिटी मामले की जांच कर रही है और संबंधित जांच एजेंसियों को पूरा सहयोग प्रदान करेगी।'
Source: Navbharat Times February 07, 2019 05:57 UTC